हमीरपुर जिले के भरुआ सुमेरपुर क्षेत्र के मौहर गांव में पंचायत राजनीति ने खौफनाक मोड़ ले लिया जब ग्राम प्रधान राममिलन निषाद ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर वायरल पोस्ट के माध्यम से पंचायत सदस्य विनोद तिवारी और उनके पुत्र का सिर काटने पर एक लाख रुपये के इनाम की घोषणा कर दी।
भ्रष्टाचार की शिकायत बनी विवाद की वजह -
पंचायत सदस्य विनोद तिवारी ने हाल ही में मनरेगा समेत अन्य योजनाओं में भ्रष्टाचार की शिकायत जिला प्रशासन से की थी। इसी शिकायत से नाराज होकर प्रधान के फेसबुक अकाउंट से एक पोस्ट वायरल हुई जिसमें इनाम वाली धमकी दी गई थी। पोस्ट में दोनों की तस्वीर लगाकर खुलेआम हिंसा के लिए उकसाने जैसी भाषा लिखी गई, उसकी स्क्रीनशॉट स्थानीय थाने और साइबर थाने में बतौर सबूत दी गई।
गांव में अफरा-तफरी-
पीड़ित परिवार को सुरक्षा की मांगपोस्ट वायरल होते ही गांव में सनसनी फैल गई। शिकायतकर्ता परिवार ने पुलिस और साइबर सेल में शिकायत की, जानमाल के खतरे से सुरक्षा की मांग की। बयान के अनुसार, किसी भी अनहोनी की स्थिति में प्रधान को जिम्मेदार ठहराया गया है। पुलिस-प्रशासन ने मामला संज्ञान में लेकर जांच की कार्यवाही शुरू कर दी है, पीड़ित परिवार को सुरक्षा देने की बात कही गई है।
प्रधान की सफाई और राजनीतिक विवाद-
ग्राम प्रधान राममिलन निषाद ने वॉइस मैसेज जारी कर कहा कि उनका सोशल मीडिया अकाउंट किसी अज्ञात व्यक्ति ने हैक कर लिया है, यह पोस्ट उन्होंने नहीं डाली है। प्रधान ने इस पूरी घटना को राजनीतिक साजिश और बदनाम करने की कोशिश बताया है तथा निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुलिस मामले की तकनीकी जांच कर रही है कि पोस्ट प्रधान ने डाली या हैकिंग के तहत की गई है।
प्रधान की पूर्व छवि और प्रशासनिक कार्यवाही
-यह गांव में कोई पहली घटना नहीं है—
प्रधान पहले भी विवादों में रहे हैं। हाल ही में गांव की गोशाला की जांच करने आए लेखपाल को भी प्रधान ने बंधक बना लिया था, जिसको पुलिस की मदद से छुड़ाया गया था। प्रशासन ने गांव में सतर्कता बढ़ा दी है और पंचायत चुनाव के मद्देनज़र माहौल पर नजर रखी जा रही है



