हमीरपुर जिले के मौदहा कोतवाली क्षेत्र में सड़क किनारे मिले एक महिला के नग्न शव की शिनाख्त हो गई है। मृतका महोबा जनपद के कबरई थाना क्षेत्र की रहने वाली थी। शनिवार को उसके भाइयों ने शव की पहचान अपनी बहन के रूप में की।
भाइयों ने अपनी बहन की हत्या का आरोप बहनोई और मामले की विवेचना कर रहे दरोगा पर लगाया है। उनका कहना है कि बहनोई विनोद, जो सीआरपीएफ में तैनात है, और महोबा में तैनात दरोगा अंकित ने मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया है।
यह घटना मौदहा कोतवाली क्षेत्र के राठ रोड पर 13 नवंबर की भोर में सामने आई थी। यहां एक महिला का नग्न शव सड़क किनारे खाई में मिला था। घटनास्थल पर सड़क से करीब 20 मीटर तक खून बिखरा हुआ था, जिससे यह एक ब्लाइंड मर्डर का मामला लग रहा था।
कबरई थाना क्षेत्र के मकरबई गांव निवासी राजेश कुमार ने बताया कि उनकी बहन किरण की हत्या की गई है। दूसरे भाई सतीश कुमार ने जानकारी दी कि उनकी बहन 12 नवंबर को अकेले कोर्ट गई थी, जहां बहनोई विनोद के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का मुकदमा चल रहा था।
फोटो -घटना स्थल पर जांच करती पुलिस
फोटो - मृतक महिला किरण और उसके पति की शादी की तस्वीर
भाइयों का आरोप है कि उसी दौरान उनकी बहन का अपहरण कर लिया गया और हमीरपुर के मौदहा में लाकर उसकी हत्या कर दी गई। उनका यह भी आरोप है कि दहेज के मुकदमे की विवेचना दरोगा अंकित कर रहा था, जिससे उनके बहनोई ने सांठगांठ कर ली थी। इस हत्याकांड में दोनों की संलिप्तता का आरोप लगाया गया है।
फिलहाल पुलिस की तरफ से किसी को गिरफ्तारी के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। चूंकि अब शव की शिनाख्त हो गई है तब उम्मीद की जा रही है कि पुलिस जल्द मामले का खुलासा करेगी।

